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तबाही का कहर, अब तक 4300 से ज्यादा मौतें, हजारों दबे है मलबे में, अंदर से आ रही चींखे ही चींखे

तुर्किये और सीरिया में सोमवार को आए भूकंप ने तबाही मचा दी है। दोनों देशों में हजारों इमारतें ढह गईं, जिनके मलबे तले दबकर बड़ी संख्या में लोगों की जान गई।

अंकारा। तुर्किये और सीरिया में सोमवार को आए भूकंप ने तबाही मचा दी है। दोनों देशों में हजारों इमारतें ढह गईं, जिनके मलबे तले दबकर बड़ी संख्या में लोगों की जान गई।

भूकंप के 3 बड़े झटकों के बाद तुर्किये और सीरिया में हालात बदतर हो गए हैं। 24 घंटे बाद भी यहां लाशें मिलने का सिलसिला जारी है। अभी भी बड़ी-बड़ी बिल्डिंगों के कई टन मलबों के नीचे जिंदगियां तलाशी जा रही हैं। बच्चे, बूढ़े, महिलाएं, जो मिल रहे हैं, उनकी हालात देख रेस्क्यू टीम के हाथ कांप जा रहे हैं। जैसे ही किसी के जिंदा होने की खबर मिलती है तो उसे बचाने को कोशिशें और बैचेनी बढ़ जाती है।

तुर्किये के सानलिउर्फा प्रांत में ऐसा ही वाक्य देखने को मिला, जब एक महिला को 22 घंटे बाद जिंदा बाहर निकाला गया। रेस्क्यू टीम को ये महिला बेहोश हालात में मिली। उधर सीरिया के अलेप्पो में भी लोगों को बिल्डिंग की छतें काटकर निकाला जा रहा है। ऐसा मंजर दोनों देशों के कई शहरों में है।

तुर्किये और सीरिया में ये तबाही 3 बड़े भूकंपों के बाद आई। पहला तुर्किये के वक्त के मुताबिक, सोमवार सुबह करीब चार बजे (7.8) और दूसरा करीब 10 बजे (7.6) और तीसरा दोपहर 3 बजे (6.0)। इसके अलावा 243 आफ्टर शॉक्स दर्ज किए गए। इनकी तीव्रता 4 से 5 रही।

दोनों देशों में 4300 से ज्यादा लोगों की मौत हो चुकी है। तुर्किये में 2921 लोगों की जान जा चुकी है। 15 हजार से ज्यादा लोगों के घायल होने की खबर है। वहीं, सीरिया में 1444 लोग मारे गए और 2 हजार से ज्यादा जख्मी हैं।

तुर्किये के 10 प्रांतों में तबाही, तो सीरिया का अलेप्पो शहर तबाह
तुर्किये के 10 से ज्यादा प्रांतों में भारी तबाही हुई है। यहां 6217 से ज्यादा इमारतें धराशायी हो गई हैं। सीरिया में भी भूकंप की वजह से ऐसे ही हालात हैं। यहां भूकंप प्रभावित कई इलाके बशर अल असाद की सरकार और विद्रोहियों के कब्जे में हैं जिसकी वजह तबाही का सटीक आंकड़ा मिलना मुश्किल हो रहा है।

सीरियाई सरकार की एजेंसी सना ने बताया है कि अलेप्पो शहर में कई ऐतिहासिक इमारतों को नुकसान पहुंचा है। UN के प्रवक्ता के स्टीफन दुजारिक के मुताबिक नॉर्थ वेस्ट सीरिया में 224 इमारतें गिरी है। और 325 को काफी नुकसान पहुंचा है।

UN ने कहा है कि बर्फबारी और बारिश के कारण भूकंप से प्रभावित दोनों ही देशों में बचाव कार्य प्रभावित हो रहा है। इमरजेंसी सर्विसेज की टीमों को रेस्क्यू में काफी दिक्कत हो रही है। तुर्किये के हताय प्रांत में एक आदमी ने रोते हुए रॉयटर्स को बताया कि इमारतों के ढेर में दबे लोग जान बचाने के लिए चीख रहे हैं। भूख, चोट और कड़ाके की ठंड से परेशान हैं।

वहीं, सीरिया में बचाव कार्यों में लगी व्हाइट हेलमेट्स की टीम के सदस्य रायद अल सालेह ने बताया कि जगह-जगह दबे लोगों को बचाने का काम वक्त के खिलाफ रेस की तरह लग रहा है।

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