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तो क्या अब GST के दायरे में आएगा पेट्रोल-डीजल? पेट्रोलियम मंत्री दे दिया जवाब









जीएसटी लागू किए जाने के बाद से ही पेट्रोल-डीजल को इसके दायरे में लाने की बात हो रही है





सरकार पेट्रोलियम प्रोडक्ट्स को जीएसटी में शामिल करने के लिए रिव्यू कर रही है





जीएसटी काउंसिल लेगा अंतिम फैसला



नई दिल्ली। वस्तु एवं सेवा कर (Goods & Services Tax) आने के बाद से लगातार मांग हो रही है पेट्रोलियम पदार्थों को इसके दायरे में लाया जाए। अब पेट्रोलियम मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने इसे लेकर बड़ा बयान दिया है।

धर्मेंद्र प्रधान का कहना है कि हम पेट्रोलियम प्रोडक्ट्स को जीएसटी में शामिल करने के लिए रिव्यू कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि इसे जीएसटी में शामिल करना या न करना जीएसटी काउंसिल के ऊपर निर्भर करता है।

दरअसल, देश में लगातार पेट्रोल और डीजल के दाम बढ़ रहे हैं। राजस्थान के श्रीगंगानगर में पेट्रोल 100.07 रुपए प्रति लीटर के पार पहुंच गया है।भारत की राजधानी दिल्ली में पेट्रोल की कीमत भी शतक के पास पहुंचने वाली है।

पेट्रोल-डीडल की बढ़ती कीमतों पर सरकार चारों तरफ से दवाब झेल रही है। ऐसे में पेट्रोलियम मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का यह बयान काफी अहम माना जा रहा है।









पेट्रोलियम मंत्री का कहना है कि हम लोग पेट्रोल-डीजल को जीएसटी में शामिल कराने के लिए लगातार जीएसटी काउंसिल को कह रहे हैं लेकिन अंतिम फैसला जीएसटी काउंसिल का ही होगा। वो ही तय कर सकते हैं कि इन्हें जीएसटी के दायरे में रखना है या नहीं।

इससे पहले पेट्रोलियम मिनिस्टर धर्मेंद्र प्रधान देश में बढ़ती तेल बढ़ती कीमतो पर कहा था कि तेल उत्पादक देशों ने उत्पादन में कटौती कर दिया है।इस वजह से तेल आयात करने वाले देशों को ज्यादा कीमत चुकानी पड़ रही है।



प्रधान ने कहा था, ‘ कच्चा तेल आयात करने के मामले में यह दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा देश है। हम अपनी जरूरत का 80 फीसदी तेल आयात करते हैं। इसलिए दाम बढ़ गए हैं। हम OPEC & OPEC Plus (तेल उत्पादक देशों) के साथ लगातार तेल कीमत नहीं बढ़ाने की अपील कर रहे हैं।मुझे उम्मीद है कि आने वाले दिनों में इसमें बदलाव होगा।’

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