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भारत में बन रहा है दुनिया का सबसे बड़ा मंदिर, जानें भारत के किस राज्य में बन रहा है

भारतीय धर्मों हिन्दुओं के उपासनास्थल को मन्दिर कहते हैं। यह अराधना और पूजा-अर्चना के लिए निश्चित की हुई जगह या देवस्थान है। यानी जिस जगह किसी आराध्य देव के प्रति ध्यान या चिंतन किया जाए या वहां मूर्ति इत्यादि रखकर पूजा-अर्चना की जाए उसे मन्दिर कहते हैं। मन्दिर का शाब्दिक अर्थ 'घर' है। मंदिर एक ऐसी जगह होती है जहां पर हिंदू लोग पूजा करने के लिए जाते हैं। और भारत में लगभग काफी ज्यादा हिंदू रहते हैं जिसके कारण भारत के लगभग सभी राज्यों में मंदिर मौजूद है।

लेकिन दोस्तों क्या आप लोगों को मालूम है दुनिया का सबसे बड़ा मंदिर भारत में बन रहा है शायद आप लोगों को मालूम नहीं होगा कि यह मंदिर भारत के किस राज्य में बन रहा है इसलिए आज हम आप लोगों को इस मंदिर के बारे में बताने जा रहे हैं और वह कहां बन रहा है तो चलिए जानते हैं।

दोस्तों हम जिस मंदिर के बारे में बात कर रहे हैं वह वृंदावन चंद्रोदय मंदिर है। वृंदावन चन्द्रोदय मंदिर उत्तर प्रदेश के वृन्दावन में भगवान कृष्ण को समर्पित एक मंदिर है जो अभी निर्माणाधीन है। इसे इस्काॅन की बैंगलोर इकाई के संकल्पतः कुल ₹300 करोड़ की लागत से निर्मित किया जा रहा है।

इस मंदिर के मुख्य आराध्य देव भगवान कृष्ण होंगे। इस मंदिर का सबसे विशिष्ट आकर्षण यह है कि योजनानुसार इस अतिभव्य मंदिर की कुल ऊंचाई करीब 700 फुट यानी 213 मीटर (जो किसी 70-मंजिला इमारत जितना ऊंचा है) होगी जिस के कारण पूर्ण होने पर, यह विश्व का सबसे ऊंचा मंदिर बन जाएगा।

इसके गगनचुम्बी शिखर के अलावा इस मंदिर की दूसरी विशेष आकर्षण यह है की मंदिर परिसर में २६ एकड़ के भूभाग पर चारों ओर १२ कृत्रिम वन बनाए जाएंगे, जो मनमोहक हरेभरे फूलों और फलों से लदे वृक्षों, रसीले वनस्पति उद्यानों, हरी लंबी चराईयों, हरे घास के मैदानों, फलों का असर पेड़ों की सुंदर खा़काओं, पक्षी गीत द्वारा स्तुतिगान फूल लादी लताओं, कमल और लिली से भरे साफ पानी के पोखरों एवं छोटी कृत्रिम पहाड़ियों और झरनों से भरे होंगें, जिन्हें विशेश रूप से पूरी तरह हूबहू श्रीमद्भागवत एवं अन्य शास्त्रों में दिये गए, कृष्णकाल के ब्रजमंडल के १२ वनों (द्वादशकानन) के विवरण के अनुसार ही बनाया जाएगा ताकी आगंतुकों (श्रद्धालुओं) को कृष्णकाल के ब्रज का आभास कराया जा सके।

5 एकड़ के पदछाप वाला यह मंदिर कुल 62 एकड़ की भूमि पर बन रहा है, जिसमें 12 एकड़ पर कार-पार्किंग सुविधा होगी, और एक हेलीपैड भी होगा।

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